आशानामाशापालेभ्यश्चतुर्भ्यो अमृतेभ्यः - श्लोक 1
आशानामाशापालेभ्यश्चतुर्भ्यो अमृतेभ्यः ।
इदं भूतस्याध्यक्षेभ्यो विधेम हविषा वयम् ॥१॥
इदं भूतस्याध्यक्षेभ्यो विधेम हविषा वयम् ॥१॥
Hindi:
हे देवों! आशाओं और अमृत से संबंधित चारों ओर के प्राणियों के अधिपतियों को हम हवि अर्पित करते हैं।
English:
O gods! We offer oblations to the rulers of all beings, related to hopes and immortality.
हे देवों! आशाओं और अमृत से संबंधित चारों ओर के प्राणियों के अधिपतियों को हम हवि अर्पित करते हैं।
English:
O gods! We offer oblations to the rulers of all beings, related to hopes and immortality.
Word by Word:
आशानाम् = आशाओं का | आशापालेभ्यः = आशाओं के रक्षक | चतुर्भ्यो = चारों ओर | अमृतेभ्यः = अमृत से जुड़े | इदं = यह | भूतस्य = प्राणियों का | अध्यक्षेभ्यः = अधिपतियों को | विधेम = अर्पित करें | हविषा = हवि द्वारा | वयम् = हम
आशानाम् = आशाओं का | आशापालेभ्यः = आशाओं के रक्षक | चतुर्भ्यो = चारों ओर | अमृतेभ्यः = अमृत से जुड़े | इदं = यह | भूतस्य = प्राणियों का | अध्यक्षेभ्यः = अधिपतियों को | विधेम = अर्पित करें | हविषा = हवि द्वारा | वयम् = हम
य आशानामाशापालाश्चत्वार स्थन देवाः ।
ते नो निर्ऋत्याः पाशेभ्यो मुञ्चतांहसोअंहसः ॥२॥
ते नो निर्ऋत्याः पाशेभ्यो मुञ्चतांहसोअंहसः ॥२॥
Hindi:
हे देवों! आशाओं के रक्षक देव जो चारों ओर स्थित हैं, वे हमारे बंधनों से मुक्ति दें।
English:
O gods, the guardians of hopes, situated in the four directions, release us from our bonds.
हे देवों! आशाओं के रक्षक देव जो चारों ओर स्थित हैं, वे हमारे बंधनों से मुक्ति दें।
English:
O gods, the guardians of hopes, situated in the four directions, release us from our bonds.
Word by Word:
य = जो | आशानाम् = आशाओं का | आशापालाः = रक्षक | चत्वार = चार | स्थन देवाः = देवता स्थित | ते = वे | नो = हमारे लिए | निर्ऋत्याः = बंधन से | पाशेभ्यः = जंजीरों से | मुञ्चतां = छोड़ दें | हसोअंहसः = आनंद सहित
य = जो | आशानाम् = आशाओं का | आशापालाः = रक्षक | चत्वार = चार | स्थन देवाः = देवता स्थित | ते = वे | नो = हमारे लिए | निर्ऋत्याः = बंधन से | पाशेभ्यः = जंजीरों से | मुञ्चतां = छोड़ दें | हसोअंहसः = आनंद सहित
अस्रामस्त्वा हविषा यजाम्यश्लोणस्त्वा घृतेन जुहोमि ।
य आशानामाशापालस्तुरीयो देवः स नः सुभूतमेह वक्षत्॥३॥
य आशानामाशापालस्तुरीयो देवः स नः सुभूतमेह वक्षत्॥३॥
Hindi:
हम हवि के साथ यज्ञ करते हैं और घी से आहुति अर्पित करते हैं। आशाओं के रक्षक तीसरे देव हमारे लिए अच्छे परिणाम प्रदान करें।
English:
We perform sacrifices with oblations and offer ghee; may the third guardian of hopes grant us prosperity.
हम हवि के साथ यज्ञ करते हैं और घी से आहुति अर्पित करते हैं। आशाओं के रक्षक तीसरे देव हमारे लिए अच्छे परिणाम प्रदान करें।
English:
We perform sacrifices with oblations and offer ghee; may the third guardian of hopes grant us prosperity.
Word by Word:
अस्रामस् = अश्रमानुसार | त्वा = तुम्हें | हविषा = हवि के साथ | यजाम्य = मैं यज्ञ करता हूँ | श्लोणस् = श्लोण के साथ | त्वा घृतेन = घी के साथ | जुहोमि = अर्पित करता हूँ | य = जो | आशानाम् = आशाओं का | आशापालः = रक्षक | तुरीयो देवः = तीसरा देवता | स = वह | नः = हमारे लिए | सुभूतम् = शुभ परिणाम | एह वक्षत् = प्रदान करें
अस्रामस् = अश्रमानुसार | त्वा = तुम्हें | हविषा = हवि के साथ | यजाम्य = मैं यज्ञ करता हूँ | श्लोणस् = श्लोण के साथ | त्वा घृतेन = घी के साथ | जुहोमि = अर्पित करता हूँ | य = जो | आशानाम् = आशाओं का | आशापालः = रक्षक | तुरीयो देवः = तीसरा देवता | स = वह | नः = हमारे लिए | सुभूतम् = शुभ परिणाम | एह वक्षत् = प्रदान करें
स्वस्ति मात्र उत पित्रे नो अस्तु स्वस्ति गोभ्यो जगते पुरुषेभ्यः ।
विश्वं सुभूतं सुविदत्रं नो अस्तु ज्योगेव दृशेम सूर्यम् ॥४॥
विश्वं सुभूतं सुविदत्रं नो अस्तु ज्योगेव दृशेम सूर्यम् ॥४॥
Hindi:
हे देवों! हमारे माता-पिता, पशु और मानवों के लिए शुभता और कल्याण हो। संपूर्ण विश्व और सूर्य हमारे लिए शुभ परिणाम प्रदान करें।
English:
May there be well-being for our parents, animals, and humans. May the entire world and the Sun grant auspiciousness to us.
हे देवों! हमारे माता-पिता, पशु और मानवों के लिए शुभता और कल्याण हो। संपूर्ण विश्व और सूर्य हमारे लिए शुभ परिणाम प्रदान करें।
English:
May there be well-being for our parents, animals, and humans. May the entire world and the Sun grant auspiciousness to us.
Word by Word:
स्वस्ति = कल्याण | मात्र = माता | उत = और | पित्रे = पिता | नो = हमारे लिए | अस्तु = हो | गोभ्यः = गायों के लिए | जगते = दुनिया में | पुरुषेभ्यः = मनुष्यों के लिए | विश्वम् = विश्व | सुभूतं = शुभ | सुविदत्रं = व्यवस्थित / सुव्यवस्थित | ज्योगेव = सूर्य | दृशेम = देखें | सूर्यम् = सूर्य
स्वस्ति = कल्याण | मात्र = माता | उत = और | पित्रे = पिता | नो = हमारे लिए | अस्तु = हो | गोभ्यः = गायों के लिए | जगते = दुनिया में | पुरुषेभ्यः = मनुष्यों के लिए | विश्वम् = विश्व | सुभूतं = शुभ | सुविदत्रं = व्यवस्थित / सुव्यवस्थित | ज्योगेव = सूर्य | दृशेम = देखें | सूर्यम् = सूर्य

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